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आखिर क्यों मुंबई में ही होते है बारिश से बाढ़ जैसे हालात

नई दिल्ली: मुंबई में सोमवार से हो रही बारिस को वीरवार   तक रहने की चेतावनी दी गयी है। प्रशासन ने मुंबई में  रेड अलर्ट जरी किया हुआ है। शहर की लाइफ लाइन मुंबई लोकल में भी लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ा साथ ही कई पटरियों पर पानी भर गया था जिसके कारण लोग समय पर अपनी मंजिल समय पर नही पहुँच पाये।  हवाई यात्रा भी भारी बारिश के कारण प्रभावित हुई इसमें हवाई जहाज से आने जाने वाले लोगो को भी यही दिक्कत बनी।

फिलहाल बुधवार के लिए सरकार की ओर से स्कूल कॉलेज बंद रखने का ऐलान किया गया है और केवल इमरजेंसी सेवाओं से जुड़े लोगों को दफ्तर आने के लिए कहा गया है।मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने खुद इस संबंध में अलर्ट रहने को कहा है उन्होंने लोगों से घर पर रहने की सलाह दी है। 

मंगलवार को वर्ली-बांद्रा सी लिंक पर रोका गया ट्रैफिक देर शाम चालू कर दिया गया था  रात करीब 11 बजे मुंबई ट्रैफिक पुलिस ने बताया कि अब रोड पर ट्रेफिक कुछ सामान्य हो रहा है एयरपोर्ट पर भी हवाई जहाज की उड़ानों को रोका गया था लकिन  चालू कर पूरे एयरपोर्ट को फिर नॉर्मल कर दिया गया है।

 मंगलवार को पहले दो उड़ाने रद्द कर दी गई थीं और तीसरी को अहमदाबाद डाइवर्ट कर दिया गया था मुंबई में भारी बारिश को देखते हुए मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने लोगों से अपील की है। कि अब कुछ दिनों जल्दी घर लौट जाएं स्टेट डिजास्टर मैनेजमेंट के दफ्तर पहुंचे सीएम फडणवीस ने कहा, 'सभी सरकारी दफ्तरों को आदेश दिया गया है|

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कर्मचारियों को जल्दी छुट्टी दे दी जाए. साथ ही निजी ऑफिस में काम करने वाले लोग भी जल्दी घर लौट जाएं 'मुख्यमंत्री ने लोगों से अपील की है कि बेहद जरूर काम न हो तो लोग अपने घरों में रहें। ऐसा क्यों की हर साल मुंबई बासियों को ही बारिस के कारण इतनी दिक्कत झेलनी पड़ती है। पिछले वर्ष 3 सितम्बर को मुंबई में इसी प्रकार की बारिस से लोगो को जूझना पड़ा।

तथा कई दिनों तक तो लोग अपने ऑफिस व बच्चे अपने स्कूल नही जा पाए थे। ऐसा क्यों क्या इस बारिस से आने वाली बाढ़ से बचने का कोई उपाय नही है। या सरकार इस पर कुछ करना नही चाहती है। अगर मुंबई में इस दिक्कत से बचने के लिए घर बेठने से अच्छा होगा कि इसके लिए महाराष्ट्र सरकार कोई उपाय ढूंढे।      

 

 

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